बांग्लादेश में दीपु चंद्रदास की नृशंस हत्या मानवता, लोकतंत्र और मानवाधिकारों पर हमला — शिव सेना हिंद
बांग्लादेश में दीपु चंद्रदास की नृशंस हत्या केवल एक व्यक्ति की हत्या नहीं है, बल्कि यह मानवता, लोकतांत्रिक मूल्यों और मौलिक मानवाधिकारों पर सीधा हमला है। यह हृदयविदारक घटना न केवल निंदनीय है, बल्कि पूरे विश्व की अंतरात्मा को झकझोर देने वाली है।
इस जघन्य हत्या तथा बांग्लादेश में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यकों पर हो रहे लगातार अत्याचारों के विरोध में शिव सेना हिंद द्वारा एक सशक्त, प्रतीकात्मक एवं पूर्णतः शांतिपूर्ण पैदल रोष मार्च का आयोजन किया गया। यह रोष मार्च शिव सेना हिंद के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री निशांत शर्मा के दिशा-निर्देशानुसार आयोजित किया गया।
इस रोष मार्च की अध्यक्षता शिव सेना हिंद के पंजाब उपाध्यक्ष श्री दीपक शर्मा ने की, जबकि कार्यक्रम का नेतृत्व शिव सेना हिंद के राष्ट्रीय महासचिव श्री दीपांशु सूद द्वारा किया गया। इस अवसर पर संगठन के यूथ वाइस प्रेसिडेंट श्री खुशप्रीत लड्डी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
रूट एवं समय विवरण
यह पैदल रोष मार्च सुबह 11 बजे, डेराबस्सी, बरवाला रोड स्थित 9 नंबर गली से प्रारंभ होकर राम तलाई तक निकाला गया। मार्च के दौरान शिव सेना हिंद के कार्यकर्ताओं ने बांग्लादेश में हिंदुओं एवं अल्पसंख्यकों पर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ जोरदार नारेबाजी कर अपना आक्रोश प्रकट किया।
रोष मार्च के समापन पर बांग्लादेश में हो रही हिंसा, अल्पसंख्यकों की हत्या एवं शासन की विफलता के विरोध में बांग्लादेश के प्रधानमंत्री का प्रतीकात्मक पुतला दहन किया गया। यह विरोध किसी देश की आम जनता या उसकी संस्कृति के विरुद्ध नहीं, बल्कि उस असंवेदनशील एवं विफल शासन व्यवस्था के खिलाफ था, जो अपने निर्दोष नागरिकों की सुरक्षा करने में पूरी तरह असफल साबित हो रही है।
इस अवसर पर पंजाब उपाध्यक्ष श्री दीपक शर्मा ने कहा कि शिव सेना हिंद अन्याय, अत्याचार और हिंदू समाज पर हो रहे हमलों के खिलाफ हमेशा सड़क से लेकर हर मंच तक संघर्ष करती रहेगी।
वहीं राष्ट्रीय महासचिव श्री दीपांशु सूद ने कहा कि यदि आज दीपु चंद्रदास के लिए आवाज़ नहीं उठाई गई, तो कल कोई और इस बर्बरता का शिकार बनेगा। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों, संयुक्त राष्ट्र तथा संबंधित प्रशासन से मांग की कि इस हत्या की निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध जांच कर दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए।
इस रोष मार्च में शिव सेना हिंद के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से
रामिंदर अरोड़ा (प्रभारी, ज़िला मोहाली), रिंका शर्मा, मंगल सैनी, रॉकी प्रधान, दीपक चौधरी, बिल्ला, मोहन शर्मा, मनप्रीत सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे।
सभी उपस्थितजनों ने एक स्वर में कहा कि दुनिया के किसी भी कोने में होने वाला अन्याय पूरी मानवता को प्रभावित करता है और अब चुप रहना कोई विकल्प नहीं है।
“न्याय में देरी, न्याय से इनकार के समान है।”
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