जीरकपुर में आउट ऑफ कंट्रोल हुआ ट्रैफिक,ज्यादातर लाइटों पर नही टाइमर,जैक प्रतिनिधियों ने की ट्रैफिक इंचार्ज के साथ मीटिंग,ट्रैफिक पुलिस के पास कर्मचारियों व सुविधाओ का भारी अभाव,रोजाना निकलते है करीब 40 हजार वाहन
शनाया चौहान :जीरकपुर। जीरकपुर में लगातार बढ़ रही जनसंख्या के साथ शहर का ट्रैफिक अनियंत्रित होता जा रहा है। यहां कई जगह या तो ट्रैफिक लाइटें नहीं है और या फिर ट्रैफिक लाइटें काम नहीं कर रही हैं।
टै्रफिक पुलिस में भी कर्मचारियों व सुविधाओं का भारी अभाव है। लोगों की इस समस्या के समाधान को लेकर जैक रैजीडेंटस वैलफयर एसोसिएशन के अध्यक्ष सुखदेव चौधरी की अध्यक्ष्ता में जैक प्रतिनिधियों का एक शिष्टमंडल ट्रैफिक इंचार्ज सुखदीप सिंह से मिला और टै्रफिक नियंत्रण के लिए कई सुझाव दिए।
जैक प्रधान सुखदेव चौधरी ने कहा कि यहां रोजाना 40 हजार के करीब वाहन निकलते हैं। ज्यादातर लाइटों पर टाइमर नहीं हैं। ट्रैफिक लाइटों पर हर समय जाम की स्थिति बनी रहती है। सुखदेव चौधरी ने कहा कि जीरकपुर से रोजाना हजारों की संख्या में लोग अपनी नौकरी व रोजगार के लिए चंडीगढ़ व पंचकूला जाते हैं। ट्रैफिक लाइटें नियंत्रित नहीं होने के कारण लोग रोजाना परेशान होते हैं।
ट्रैफिक इंचार्ज के साथ हुई मुलाकात में जैक प्रतिनिधियों ने कहा कि पटियाला चौक, पंचकूला लाइट प्वांइट पर अक्सर भिखरियों की भीड़ लगी रहती है। स्लिप रोड पर बिल्डरों ने कब्जे कर रखे हैं। उन्होंने कहा कि ज्यादातर स्लिप रोड पर बिल्डरों द्वारा पार्किंग के रूप में इस्तेमाल किए जाने के कारण सारा ट्रैफिक मुख्य मार्ग पर शिफ्ट हो रहा है।
जैक प्रतिनिधियों ने यहां टाइमर व सैंसर वाली लाइटें लगाने की मांग करते हुए कहा कि शहर की टै्रफिक व्यवस्था को सुधारने के लिए सडक़ों की मरम्मत के लिए नगर परिषद व संबंधित विभागों पर दबाव बनाने की मांग की है। जैक प्रतिनिधियों के सुझावों का स्वागत करते हुए ट्रैफिक इंचार्ज ने कहा कि वह पीक आवर में यहां कर्मचारियों की अतिरिक्त तैनाती के अलावा संबंधित विभागों से भी बातचीत करेंगे ताकि जीरकपुर में ट्रैफिक नियंत्रित हो सके।
बॉक्स----
जल्द करेंगे विधायक व एसडीएम से मुलाकात
जैक रैजीडेंटस वैलफेयर एसोसिएशन के प्रधान सुखदेव चौधरी ने कहा कि ट्रैफिक की समस्या के समाधान को लेकर जैक प्रतिनिधियों द्वारा बहुत जल्द डेराबस्सी की एसडीएम स्वाती टिवाना तथा हलका विधायक कुलजीत सिंह रंधावा के साथ भी मुलाकात की जाएगी। यह समस्या केवल जीरकपुर ही नहीं बल्कि डेराबस्सी व लालडू में भी है।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें